दुनिया के दर्द की वजह और 'मक्खन द जीनियस'...खुशदीप
इस दुनिया को काफ़ी दर्द सहना पड़ता है... इसलिए नहीं कि बुरे लोग हिंसा और उत्पात मचाते हैं... बल्कि इसलिए कि अच्छे ल…
शनिवार, जून 12, 2010इस दुनिया को काफ़ी दर्द सहना पड़ता है... इसलिए नहीं कि बुरे लोग हिंसा और उत्पात मचाते हैं... बल्कि इसलिए कि अच्छे ल…
Khushdeep Sehgal
शनिवार, जून 12, 2010
मेरे दोस्त पीटर और उसकी पत्नी रबैका के बीच लड़ाई की शुरुआत कैसे होती है... पीटर रबैका को कैंडल डिनर के लिए रेस्तरां…
Khushdeep Sehgal
शुक्रवार, जून 11, 2010
ज़रा सामने तो आओ छलिए, छुप-छुप छलने में क्या राज़ है, यूं छुप न सकेगा परमात्मा, मेरी आत्मा की ये आवाज़ है... …
Khushdeep Sehgal
गुरुवार, जून 10, 2010
भगवान ने गधा बनाया और उससे कहा... तुम गधे रहोगे...सूरज उगने से लेकर डूबने तक पीठ पर बोझ उठाने का काम करोगे...वो भी …
Khushdeep Sehgal
बुधवार, जून 09, 2010
जीत की खुशी का इज़हार करना आसान होता है... हार को गरिमा के साथ स्वीकारना बहुत मुश्किल... हर रात सपना देखना …
Khushdeep Sehgal
मंगलवार, जून 08, 2010
टेलीफोन डायरेक्टरी में जगह बनाना आसान होता है... किसी के दिल में जगह बनाना बहुत मुश्किल... दूसरों की गलतियां नि…
Khushdeep Sehgal
रविवार, जून 06, 2010
एक शख्स अपनी नई कार को पॉलिश से चमका रहा था...तभी उसके चार साल के बेटे ने एक नुकीला पत्थर उठा कर कार पर कुछ उकेर दिया..…
Khushdeep Sehgal
शनिवार, जून 05, 2010
गोल्ड एफएम पर आज हीर रांझा का एक गीत सुना... कैफ़ी आज़मी के बोल... मदन मोहन का संगीत... रफ़ी साहब की आवाज़ ...आप सब …
Khushdeep Sehgal
शनिवार, जून 05, 2010
क्रोध वो अवस्था होती है जिसमें जीभ दिमाग़ से तेज़ काम करती है...आप अतीत तो नहीं बदल सकते लेकिन आने वाले कल की चिंता में…
Khushdeep Sehgal
बुधवार, जून 02, 2010
कल आप से वादा किया था आज आपको जंगलमहल का सच बताऊंगा...जंगलमहल नाम सुनकर ऐसी कोई तस्वीर ज़ेहन में मत बनाइए कि मैं आपको …
Khushdeep Sehgal
मंगलवार, जून 01, 2010